अमित शाह और केजरीवाल की मुलाक़ात से मुस्लिम समुदाय में मायूसी
February 21, 2020 • Bilal Ansari

 

अमित शाह और केजरीवाल की मुलाक़ात से मुस्लिम समुदाय में मायूसी 
CAA पर कब तक गूंगे बने रहेंगे केजरीवाल

नई दिल्ली ! हाल ही में दिल्ली में हुए विधानसभा चुनाव में 70 में से 62 सीटों के साथ आम आदमी पार्टी सत्ता में बरकरार रही ! भाजपा नेताओं ने वोटर्स को हिंदू मुस्लिम के नाम पर विभाजित करने का खूब प्रयास किया,मुसलमानों को आतंकवादी कहा, सी ए ए के विरुद्ध चल रहे प्रदर्शनकारियों को पाकिस्तान सपोर्टर्स बताया लेकिन दिल्ली की जनता ने सब कुछ नकारते हुए केजरीवाल सरकार द्वारा दिए गए फ़्री बिजली,पानी व अन्य प्रलोभन में विश्वास जताया ! कांग्रेस दिल्ली सहित पूरे देश में नागरिकता संशोधन क़ानून के विरुद्ध चल रहे प्रदर्शनों में मुसलमानों के साथ खड़ी रही और आप के किसी नेता ने एक शब्द भी सी ए ए के संबंध में नहीं बोला लेकिन फ़ायदा फिर भी आम आदमी पार्टी को हुआ !
उक्त विचार फ़ेस इस्लामिक कल्चरल कम्यूनिटी इंटीग्रेशन (फ़िक्की) के चेयरमैन डॉ मुश्ताक़ अंसारी ने प्रेस को जारी एक बयान में व्यक्त किए ! उन्होंने आगे कहा चुनाव प्रचार के दौरान आप नेता व सपोर्टर जनता को समझाते रहे है कि अभी सी ए ए का सपोर्ट करके हिंदू वोट खिसक जाएगा और भाजपा दिल्ली में सरकार बना लेगी ! जनता ने तो आप को वोट देकर अपनी ज़िम्मेदारी पूरी कर दी लेकिन आप के मुखिया व दिल्ली के मुख्यमंत्री सीएए पर कब तक गूंगे बने रहेंगे ! डॉ अंसारी ने आगे कहा कि कल मुख्यमंत्री केजरीवाल व गृह मंत्री अमित शाह की मुलाक़ात के बाद मुस्लिम समुदाय में मायूसी देखने को मिली,समुदाय को उम्मीद थी कि केजरीवाल मुख्यमंत्री होने के नाते सी ए ए को लेकर अमित शाह के समक्ष मुस्लिम समुदाय के दर्द पर चर्चा करेंगे लेकिन उन्होंने अमित शाह से मिलने के बाद प्रेस को बताया कि वह केंद्र सरकार के साथ मिलकर दिल्ली का विकास करेंगे ! फिक्की की सलाहकार व महिला कांग्रेस नेता प्रवीना शर्मा ने कहा कि हम तो पहले दिन से ही बोल रहे हैं की आम आदमी पार्टी भाजपा का B ग्रुप है ! केजरीवाल साहब ने ना सिर्फ़ मुसलमानों के साथ विश्वासघात किया बल्कि पूरी दिल्ली के वोटर्स को ठगा है ! मुस्लिम महिलाएँ पिछले 2 महीने से छोटे छोटे बच्चों को लेकर सडको पर दिन रात गुज़ार रही हैं,चुनाव जीतने के बाद तो कम से कम केजरीवाल को संघर्ष में उनका साथ देना चाहिए ! तथा पंजाब,राजस्थान, महाराष्ट्र,केरल,बंगाल,मध्य प्रदेश,पुड्डुचेरी आदी सरकारों की भारती दिल्ली सरकार को सीएए के विरुद्ध खड़ा होना चाहिए ! फिक्की के उपाध्यक्ष व यूनाइटिड अगेंस्ट हेट के प्रमुख ख़ालिद सैफी ने कहा कि मुस्लिम समुदाय ने इस उम्मीद के साथ आपके पक्ष में एकतरफ़ा मतदान किया कि CAA व NPR में केजरीवाल मुसलमानों की हिमायत करेंगे लेकिन उनकी ख़ामोशी से समुदाय में चिंता दिखाई पड़ रही है ! उन्होंने कहा कि हम ख़ामोश नहीं बैठेंगे,मुख्यमंत्री,सभी मंत्री व पांचों मुस्लिम विधायकों को चिट्ठी लिखकर माँग करेंगे कि विधान सभा में NPR व CAA को लागू न किए जाने का क़ानून पास करें !